Pramāṇa · Search · About · API

Pracin Bharatiya Veshabhusha c8.s6: नेपाल देश में बने ऊनी कपड़े

Prācīn Bhāratīya Veśabhūṣā c8.s6

Language
Hindi

नेपाल देश में बने ऊनी कपड़े

c8.s6.1

३८ शा० शा० पृ० ६०; ग० शा० १, पृ० १६३

c8.s6.2

(१) भिंगिसी—यह कंबल आठ टुकड़ों को मिलाकर बनता था (अष्टप्लोति संघात्या)। इसका रंग काला होता था और यह बरसाती (वर्षवारणं) की तरह काम देता था।

c8.s6.3

(२) अपसारक—गणपति शास्त्री की टीका में इसे काण्डपट कहा गया है जिससे पता चलता है कि आधुनिक पट्टी की तरह यह कोई ऊनी कपड़ा रहा हो।

c8.s6.4

जंगली जानवरों के बालों से बने हुए कपड़े३९—यहां पर मृग शब्द से ठीक ठीक क्या तात्पर्य है यह नहीं कहा जा सकता। क्या इसका तात्पर्य हरिन के बालों अथवा ऐसे ही

c8.s6.5

३९ शा० शा० पृ० ६०; ग० शा० १, पृ० १६४

c8.s6.6

और किसी जंगली जानवरों के बालों से हैं? जो भी हो इतना तो निश्चित सा है कि जंगली पशुओं के बाल से अब ऊनी कपड़े नहीं बनते।

Linked texts (1)