Pracin Bharatiya Veshabhusha c12.s8.t2.72
Prācīn Bhāratīya Veśabhūṣā c12.s8.t2.72
- Language
- Hindi
c12.s8.t2.72
जैसा कि मथुरा की मूर्ति कला से पता चलता है स्त्रियां अपने सिर इसलिए नहीं ढांकती थीं कि लोग उनकी सुंदर केश रचना देख सकें । लेकिन कुछ स्त्रियां पीछे लहराती ओढ़नी भी ओढ़ती थीं[^१०२ ।] एक जगह एक परिचारिका लट्टूदार पगड़ी१०३ जिसका सिरा पीछे लटक रहा है पहरे देख पड़ती है । एक दूसरी स्त्री पाग पहने है (आ० २०७)