Early Monastic Buddhism v2.c42.s2.t3.2
Early Monastic Buddhism v2.c42.s2.t3.2
- Language
- English
v2.c42.s2.t3.2
¹ Lalitavistara (R. L. Mitra), p. 192:— पुरि तुम सुपुरुष ऋषिवरु यदभूर्ज तव उपगतु भव मम शरणम् । भषि ऋषि द्विजवर नररिपु उपने त्यजि स्वय खकि तनु न च द्विज त्यजसे ॥ खुर ऋषि उपगतु पुरि दुभनिलये रुचि भषि तरुरुह कति इम गष्ये । सुविदित सुगधित यथ तहि किमला तथ तव भवितथ समगिर रचित ॥