भारतीय पराचीन लिपिमाला (Bharatiya Pracina Lipimala: The Palaeography of India) c14.47
भारतीय प्राचीन लिपिमाला (Bhāratīya Prācīna Lipimālā: The Palaeography of India) c14.47
- Language
- Hindi
c14.47
९ उज्जैन में महाकाल के मंदिर के पीछे की एक छत्री में खड़ी हुई शिला पर खुदी हुई प्रशस्ति की अपने हाथ से तय्यार की हुई छाप से. यह शिला उदयादित्य के समय की किसी प्रशस्ति की अंतिम शिला है जिसमें ८० के पीछे के थोड़े से श्लोक हैं. इसमें संवत् नहीं है, परंतु पत्थर का जो अंश खाली रह गया उसपर प्रशस्तिलेखक के हाथ से ही लिखी हुई पूरी वर्णमाला तथा नाग के ग्रंथिल चित्र के भीतर धातुओं के प्रत्यय आदि खुदे हैं (जैसे कि धार से मिले हैं) और अंत के श्लोक में “उदद्यादित्यदेवस्य वर्णनागकृपाथिका” खुदा है जिससे उक्त प्रशस्ति का उदयादित्य के समय का होना पाया जाता है.