Pracin Bharatiya Veshabhusha c4.105
Prācīn Bhāratīya Veśabhūṣā c4.105
- Language
- Hindi
c4.105
विदेशी राजे और सिपाही कंचुक, शलवार, टोपी और जूते पहनते थे । कनिष्क की बेसिर वाली मूर्ति घुटने के नीचे तक पहुंचता कंचुक, चुगा और तस्मेदार बूट पहने है । एक शक राज की मूर्ति अलंकृत वस्त्र का बना गोटदार कंचुक और पूरे बूट पहने हैं । एक तीसरी मूर्ति गोटदार कंचुक और कमरपेटी पहने दिखायी गयी है। सूर्य की एक मूर्ति गोटदार चुस्त कंचुक, कमरबंद और कारचोबी टोपी पहने है। एक ईरानी की मूर्ति खूब कामदार कंचुक, पीठ पर लहराता रुमाल और चंद्र सूर्य के आकारों से अलंकृत कुलाहनुमा टोपी पहने है ।