Pracin Bharatiya Veshabhusha c7.s19.3
Prācīn Bhāratīya Veśabhūṣā c7.s19.3
- Language
- Hindi
c7.s19.3
कुछ शौकीन और पैसे वाले अपनी पादुकाएं सोने, चांदी, स्फटिक, वैडूर्य, कांसा, कांच, रांगा और तांबे के अलंकारों से सजाते थे।१२३ पर साधारण गृहस्थ ऐसा नहीं करते थे। भिक्षुओं को भी ऐसी अलंकृत पादुकाएं पहनने की आज्ञा नहीं थी ।